बिहार के माननीय मुख्यमंत्री नीतीश कुमार आज दशमेश पिता श्री गुरु गोविंद सिंह जी महाराज के 359वें प्रकाश पर्व के अवसर पर तख्त श्रीहरिमंदिर जी, पटना साहिब परिसर में आयोजित भव्य धार्मिक कार्यक्रम में शामिल हुए। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने सिख श्रद्धालुओं के साथ मिलकर मत्था टेका और राज्यवासियों के लिए सुख, शांति एवं समृद्धि की कामना की।
तख्त श्रीहरिमंदिर जी, पटना साहिब: सिख धर्म का पवित्र तीर्थ
तख्त श्रीहरिमंदिर जी, पटना साहिब सिख धर्म के पाँच प्रमुख तख्तों में से एक है। यह वही पवित्र स्थल है जहाँ दशमेश पिता श्री गुरु गोविंद सिंह जी महाराज का जन्म हुआ था। प्रकाश पर्व के अवसर पर देश-विदेश से हजारों श्रद्धालु पटना साहिब पहुँचते हैं और धार्मिक अनुष्ठानों में भाग लेते हैं।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने इस ऐतिहासिक स्थल पर मत्था टेककर बिहार की खुशहाली और सामाजिक सौहार्द की कामना की।
गुरुद्वारा बाल लीला मैणी संगत में भी की पूजा-अर्चना
मुख्यमंत्री ने तख्त श्रीहरिमंदिर जी के साथ-साथ गुरुद्वारा बाल लीला मैणी संगत में भी मत्था टेका। यह गुरुद्वारा गुरु गोविंद सिंह जी महाराज के बाल्यकाल से जुड़ी लीलाओं का साक्षी माना जाता है और सिख श्रद्धालुओं के लिए विशेष आस्था का केंद्र है।
मुख्यमंत्री ने वहां उपस्थित संगत से संवाद किया और धार्मिक आयोजन की व्यवस्थाओं की सराहना की।
प्रकाश पर्व का धार्मिक और ऐतिहासिक महत्व
दशमेश पिता श्री गुरु गोविंद सिंह जी महाराज का प्रकाश पर्व सिख धर्म के सबसे पावन पर्वों में से एक है। यह पर्व
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साहस
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त्याग
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समानता
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और मानवता के संदेश
का प्रतीक माना जाता है। पटना साहिब में इस अवसर पर कीर्तन, अरदास, नगर कीर्तन और लंगर का आयोजन किया जाता है।
मुख्यमंत्री ने की सुख-शांति की कामना
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि गुरु गोविंद सिंह जी महाराज के आदर्श समाज को एकता, साहस और धर्म के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देते हैं। उन्होंने राज्य में अमन-चैन, भाईचारे और समृद्धि की कामना करते हुए कहा कि बिहार विविध संस्कृतियों और धार्मिक परंपराओं का संगम है।
प्रशासन और श्रद्धालुओं में उत्साह
प्रकाश पर्व के अवसर पर पटना साहिब क्षेत्र में सुरक्षा और व्यवस्थाओं के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह देखा गया और पूरे परिसर में भक्ति व श्रद्धा का वातावरण बना रहा।
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✍️ निष्कर्ष
गुरु गोविंद सिंह जी महाराज के 359वें प्रकाश पर्व पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की पटना साहिब यात्रा धार्मिक सौहार्द, सांस्कृतिक सम्मान और सामाजिक एकता का प्रतीक है। तख्त श्रीहरिमंदिर जी और गुरुद्वारा बाल लीला मैणी संगत में की गई पूजा-अर्चना से यह संदेश गया कि बिहार सरकार सभी धर्मों और परंपराओं का समान सम्मान करती है।
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मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बिहार संग्रहालय–पटना संग्रहालय को जोड़ने वाली निर्माणाधीन टनल का किया निरीक्षण

बिहार के माननीय मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने आज बिहार संग्रहालय और पटना संग्रहालय को जोड़ने वाली निर्माणाधीन टनल का स्थल निरीक्षण किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने निर्माण कार्य की प्रगति का जायजा लेते हुए अधिकारियों को निर्देश दिया कि परियोजना को बेहतर गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा किया जाए।
टनल से दोनों संग्रहालयों के बीच होगी आसान आवाजाही
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने निरीक्षण के दौरान कहा कि टनल के बन जाने से बिहार संग्रहालय और पटना संग्रहालय के प्रदर्शों का अवलोकन करना आम लोगों के लिए और अधिक सुगम हो जाएगा। इससे दोनों संग्रहालयों के बीच आवाजाही आसान होगी और पर्यटकों व शोधकर्ताओं को एक ही परिसर में सांस्कृतिक विरासत देखने का बेहतर अनुभव मिलेगा।
उन्होंने कहा कि यह टनल बिहार की सांस्कृतिक पहचान को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।
बिहार संग्रहालय का परिभ्रमण, ऐतिहासिक प्रदर्शों का अवलोकन
टनल निरीक्षण के बाद मुख्यमंत्री ने बिहार संग्रहालय का परिभ्रमण किया और विभिन्न ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक प्रदर्शों का अवलोकन किया। उन्होंने संग्रहालय के प्रथम तल पर
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नालंदा महाविहार
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सांची स्तूप
से संबंधित चित्र प्रदर्शनी को ध्यानपूर्वक देखा।
महाबोधि मंदिर की परिक्रमा पर आधारित 3-D चलचित्र देखा
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने संग्रहालय में प्रदर्शित महाबोधि मंदिर की परिक्रमा पर आधारित 3-डी चलचित्र भी देखा। उन्होंने इस प्रस्तुति की सराहना करते हुए कहा कि आधुनिक तकनीक के माध्यम से ऐतिहासिक और धार्मिक विरासत को प्रस्तुत करना नई पीढ़ी को इतिहास से जोड़ने का प्रभावी माध्यम है।
60 आवास एवं ऑफिसर्स हॉस्टल कैंपस के निर्माण कार्य की समीक्षा
निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने बिहार संग्रहालय के सामने पुनर्विकसित किए जा रहे 60 आवास एवं ऑफिसर्स हॉस्टल कैंपस के निर्माण कार्य की प्रगति की भी जानकारी ली। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्माण की गुणवत्ता और समयबद्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकारी आवासीय परिसरों का बेहतर विकास कार्य संस्कृति और प्रशासनिक सुविधा दोनों को मजबूत करता है।
सांस्कृतिक विरासत और बुनियादी ढांचे पर सरकार का फोकस
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि बिहार सरकार सांस्कृतिक धरोहर के संरक्षण के साथ-साथ आधुनिक बुनियादी ढांचे के विकास पर समान रूप से ध्यान दे रही है। संग्रहालयों को जोड़ने वाली टनल और आसपास के विकास कार्य इसी सोच का हिस्सा हैं।
✍️ निष्कर्ष
बिहार संग्रहालय और पटना संग्रहालय को जोड़ने वाली टनल का निरीक्षण, संग्रहालय भ्रमण और आवासीय परियोजनाओं की समीक्षा यह दर्शाती है कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में बिहार की सांस्कृतिक विरासत, पर्यटन और इंफ्रास्ट्रक्चर विकास को एक साथ आगे बढ़ाया जा रहा है। यह पहल न केवल पर्यटकों के लिए सुविधाजनक होगी, बल्कि राज्य की ऐतिहासिक पहचान को भी नई ऊंचाई देगी।